बुधवार, 8 जुलाई 2009

धर्मनगरी में दिखेंगे बनारस के घाट

Jun 29, 11:45 pm
चित्रकूट। भगवान राम की कर्मभूमि और बाबा भोले की नगरी का मिलन, वह भी एक ही स्थान पर। यह सिर्फ कल्पना नहीं बल्कि हकीकत है जिसे लोग 7 जुलाई से देखेंगे। इस तरह का काम किया है फिल्म फना, हल्ला बोल, रेस और आपका सुरूर जैसे फिल्मों से पहचान बना चुके दो सेट डिजायनरों ने।
एम आर क्रियेशन के नाम पर पहली पिक्चर बनारस से ही फिल्म इंड्रस्टी में पहचान बना चुके मार्तन्ड और रश्मि बताते हैं मंदाकिनी के तट पर बना राम घाट उन्हें काफी पसंद आया। फिल्म अभिनेता आशुतोष राणा व राजपाल यादव से सलाह करने बाद जब दद्दा जी से बात की गयी तो उन्होंने आदेश दिया कि भगवान राम की कर्मभूमि पर नौ दिनों तक वे लोग भगवान शिव की आराधना संकल्प पूर्ति महायज्ञ के साथ करेंगे। इसलिए काशी को चित्रकूट से मिलाकर कुछ करना चाहिये। फिर उन्होंने काशी के घाटों के साथ ही राम घाट का सम्मिश्रण कर एक नई थीम पैदा करने का प्रयास किया। इस थीम में जहां काशी के मणिकटिंका व राजा हरिश्चंद्र घाट के साथ ही अन्य घाटों के दर्शन होंगे वहीं रामघाट का वैभव भी दिखाई देगा। बनारस के मूल निवासी मार्तन्ड और रश्मि कहते हैं कि अकेला फूल गुलदस्ता नहीं बन सकता, इसी प्रकार नकल में भी कल्पना जुड़ ही जाती है। इसमें सच्चाई के साथ ही कल्पना का भी समावेश किया गया है। दोनों लोग 21 जून से लगभग 27 लोगों के साथ काम कर रहे हैं। प्लाई, मिट्टी, रिफाइंड, फेवीकोल और घास के साथ ही तमाम और चीजों के सम्मिश्रण से तैयार स्टेज को 3 जुलाई को पूरा करने का टारगेट बताते हुए कहते हैं कि आगे के दो दिन फिनिशिंग वर्क के लिए रखे गये हैं। 7 जुलाई को कार्यक्रम शुरू होने के बाद तो यह सबके लिए खुल जायेगा।

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें